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दालचीनी के फायदे | Health Benefits of Cinnamon

दालचीनी के फायदे | Health Benefits of Cinnamon in Hindi

दालचीनी का पेड हमेशा हराभरा तथा छोटी झाड़ी जैसा होता है। उसके तने की छाल चुनकर सुखाई जाती है। उनका आकार कवेलू जैसा गोलाकार, जाडा, मुलायम तथा भुरे लाल रंग का होता है। दालचीनी के पेड़ से हमेशा सुगंध आती है। इसका उपयोग मसालो और दवा के तौर पर किया जाता है। इसका तेल भी निकाला जा सकता है। दालचीनी के पेड़ को पत्तों का उपयोग खाने में मसाले की तरह किया जाता है। इन्हे तेजपत्ता भी कहा जाता है।

पाचन में सुधार लाने और जठर संबधी विकारों के लिए इन 4 अलग-अलग तरीकों से दालचीनी का उपयोग कर सकते है।

अपच, पेटदर्द और सीने में जलन महसूस होने पर आप दालचीनी, सौन्ठ, जीरा और इलायची सम मात्रा में लेकर पीसकर गरम पानी के साथ ले सकते हैं।

दालचीनी, काली मिर्च पावडर और शहद आदि मिलाकर भोजन के बाद लेने से पेट अफारा नहीं होता।

दालचीनी से जी मचलना, उल्टी और जुलाब रुकते है।

कब्ज और गैस की समस्या कम करने के लिये दालचीनी के पत्तों का चूर्ण और काढा बना कर लिया जाता है।

  • वीर्य वृद्धि के लिये दालचीनी पाउडर सुबह शाम गुनगुने दूध के साथ ले।
  • ठंड की वजह से सिरदर्द हो तो दालचीनी पानी के साथ पीसकर सिरपर लगाये।
  • मुह की दुर्गंध और दांत की दवा में दालचीनी का उपयोग किया जाता है।
  • मुहांसे कम करने के लिये दालचीनी का चूर्ण नींबू के रस में मिलाकर लगाये।
  • खसरा निवारक के तौर पर दालचीनी का उपयोग किया जाता है।

दालचीनी के पदार्थ | Ingredients in Cinnamon

प्रोटीन | Protienथायामीन |Thayamin
कार्बोहायड्रेट |Carbohydrateरिबोफ्लेविन |Reboflewin/td>
फॉस्फरस |Phosphorusनिआसीन | Niasin
सोडियम |Sodiumजीवनसत्व ‘अ’ & ‘क’ | Vitamin A & C
पोटॅशियम | Potassiumनमी & एश

दालचीनी स्वाद में तिखी मिठी होती है। दालचीनी ऊष्ण, दीपन, पाचक, मुत्रल, कफनाशक, स्तंभक गुणधर्मो वाली है। मन की बेचैनी कम करती है। यकृत के कार्य में सुधार लाता है। स्मरण शक्ती बढाती है।

सावधानी | Precautions to take while using Dalchini

  • दालचीनी उष्ण गुणधर्म की है, इसलिये गर्मी के दिनोमें कम उपयोग करें।
  • दालचीनीसे पित्त बढ सकता है।
  • ऊष्ण प्रकृती के लोग चिकित्सक से सलाह ले।